प्रदेश के अंदर सियासी घमसान मचा हुआ है भाजपा कांग्रेस एक दूसरे पर हमलावर हो रही है दोनों पार्टियों में जुबानी जंग छिड़ी हुई है 2022 का विधानसभा चुनाव नजदीक है

और नेता मंत्री बगावत पर उतर आये है दोनों पार्टिओ के नेता पार्टी छोड़ एक दूसरे दल में जा रहे है तो वही हाल ही में भाजपा के कैबिनेट मंत्री यशपाल आर्य ने अपने बेटे सहित कांग्रेस में वापसी कर ली है

जिससे सियासत में आगया है बताया ये भी जा रहा है की यशपाल आर्य के सम्पर्क में कुछ और विधायक भी है

जो भाजपा को छोड़कर कांग्रेस में शामिल हो सकते है। हलाकि अभी इस तरह की बात साफ़ नहीं हो पायी है की कोई भाजपा का विधायक कांग्रेस का हाथ थाम सकता है

कांग्रेस के पूर्व सीएम हरीश रावत ने कांग्रेस के बागी नेताओ को निशाना बनाते हुए कहा है की भाजपा के कुछ विधायक भाजपा छोड़कर कांग्रेस में आना चाहते है लेकिन उनका आना इतना आसान नहीं है

अगर उनको कांग्रेस में आना है तो अपने कुल देवता के सामने माफ़ी मांगकर आना होगा क्योकि उन्होंने कांग्रेस के साथ धोखा कर व्यक्तिगत सुख के लिए कांग्रेस का दामन छोड़ा था लेकिन अब उनको भाजपा में घुटन महसूस हो रही है

लेकिन अब उनको कांग्रेस की याद आरही है लेकिन कांग्रेस में आने के लिए उनको सार्वजनिक तौर पर माफ़ी मांगनी होगी हरीश ने अपनी बात को आगे बढ़ाते हुए कहा कि यदि फिर भी ऐसे महापापी कांग्रेस में आना चाहते हैं तो पहले उन्हें अपने पाप को स्वीकार करना पड़ेगा।

पूर्व सीएम हरीश रावत के इस बयान से सियासी घमासान मच गया है इस बयान का पलटवार करते हुए हरक सिंह रावत ने हरीश रावत पर तीखी टिप्पणी की है हरक सिंह रावत ने कहा है की हरीश रावत को पुरे उत्तराखंड से माफ़ी मांगनी चाहिए उन्होंने मुख्यमंत्री जैसे संवैधानिक पद पर रहते हुए उसका दुउपयोग किया है इतना ही नहीं उंहोने उत्तराखंड की जनता से कपट ंभी किया है उत्तराखंड के आम जनमानस को दूध देने की बजाए शराब परोसी गयी है

पूर्व सीएम हरीश रावत को डेनिस के लिए जनता से माफ़ी मांगनी चाहिए उन्होंने आम जनता से धोका करने का काम किया है रोजगार न देकर युवायो को शराब की और अग्रसर करने का काम किया है। ऐसे लोगो को जनता खुद जवाब देगी जनता सब जानती है

मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा है कि क्या यशपाल जी ने कहीं सार्वजनिक माफी मांगी हमने तो नही देखा। माफी हरीश रावत को डेनिस नामक जहरीली शराब पिलाने के लिये जनता से मांगनी होगी। आपको बताते चलें कि हरीश रावत के मुख्यमंत्री काल में इस शराब के मुद्दे ने सरकार की खासी बदनामी भी कराई थी

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here